डोम्भिपा का परिचय (Dombhipa ka parichay)
?डोम्भिपा का परिचय ?
• डोम्भिपा का जन्म :- मगध के क्षेत्रीय वंश के 840 ईस्वी में लगभग।
• इन्होंने विरूपा से दीक्षा ली।
• डोम्भिपा के द्वारा रचित 21 ग्रंथ है।
• इनमें प्रमुख ग्रंथ है :-
1. डोम्बिपागीतिका
2. योगचर्या
3. अक्षरद्विकोपदेश
• डोम्भिपा की पंक्तियां :-
” गंगा जउना माझेरे बहर नाइ।
तांहि बुड़िली मातंगि पोइआली ले करई ।”
• दारिकपा की शिष्य सहयोगिनी चिन्ता थी, जिनके शिष्य डोम्बीपा या डोम्बी हेरूक बताए गए हैं ।
•डोम्भिपा चरवाहे थे।
• डोम्भिपा ने कौल पद्धति का विशेष प्रचार किया था।
https://hindibestnotes.com/---dombhipa-ka-parichay/ डोम्भिपा का परिचय (Dombhipa ka parichay) 2024-05-28
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