• trick :-बीस नर • रचनाकाल :- संवत् 1212 (आचार्य रामचंद्र शुक्ल के अनुसार) संवत् 1073 (रामकुमार वर्मा के अनुसार) 1016 ई. (डॉ नगेंद्र के अनुसार) (संवत् सहस तिहत्तर जांनि, नाल्ह कबीसर सरसीय वाणि।) • रचनाकार – नरपति नाल्ह(1212 वि.स./1155ई.) • प्रमुख रस – श्रृंगार रस • रचना का काव्य रूप – गेह मुक्तक काव्य,वीर गीत(सर्वप्रथम वीर गीत मे लिखी ...
Read More »नेट की गद्य व पद्य रचनाए
पृथ्वीराजरासो को अप्रमाणित,प्रमाणित एवं अर्द्ध प्रमाणित मानने वाले विद्वान
• पृथ्वीराजरासो को अप्रमाणित मानने वाले विद्वान:- ◆ Short Trick :- मुरारि श्यामदेव और रामकुमार शुक्ल ने अमृत मोती बूलर और ओझा को रासो की अप्रमाणिकता के लिए दिया। 1. मुरारिदीन (मुरारि) 2. कविराज श्यामलदास(श्याम) 3. मुंशीदेव(देव) 4. डॉ.रामकुमार वर्मा(रामकुमार) 5. आचार्य रामचन्द्र शुक्ल(शुक्ल) 6. अमृतशील(अमृत) 7. मोती लाल मेनारिया(मोती) 8. डॉ.बूलर (बूलर) 9. डॉ.गौरीशंकर हीराचन्द ओझा(ओझा)। • पृथ्वीराजरासो को ...
Read More »UGC NET हिन्दी कहानियाँ की जानकारी (unit – 7)
क्र.स. कहानी कहानीकार प्रकाशन वर्ष प्रकाशन पत्रिका एवं कहानी संग्रह 1. चन्द्रदेव से मेरी बाते बंग महिला (राजेन्द्र बाला घोष) 1904 सरस्वती पत्रिका में प्रकाशन 2. दुलाई वाली बंग महिला (राजेन्द्र बाला घोष 1907 सरस्वती पत्रिका में प्रका. 3. एक टोकरी भर मिट्टी माधव राव सप्रे 1901 छतीसगढ़ मित्र पत्रिका में प्रका. 4. राही सुभद्रा कुमारी चौहान 1947 सीधे-साधे चित्र ...
Read More »प्रियप्रवास(priyapravas)
•”प्रियप्रवास” शब्द संस्कृत भाषा का है और इसका अर्थ होता है “प्रिय” (अर्थात् प्रिय या प्यारा) और “प्रवास” (अर्थात् यात्रा)। इस शब्द का अर्थ होता है “प्यारे या प्रिय के साथ यात्रा”। •रचयिता :- अयोध्या सिंह उपाध्याय हरिऔध • महाकाव्य • हिंदी खड़ी बोली में लिखा गया हिंदी का प्रथम महाकाव्य • शैली :- भिन्न तुकांत शैली में • भाषा ...
Read More »दलित साहित्य का विस्तार से वर्णन[dalit sahity ka vistar se varnan]
[ ] दलित शब्द का अर्थ :- • दलित शब्द की उत्पत्ति संस्कृत धातु रूप ‘दल’से हुई। जिसका अर्थ – तोड़ना, कुचलना । • दलित शब्द का पर्यायवाची :- दबा हुआ या जिसको दबाया गया हो । • मानक हिंदी कोश के अनुसार दलित शब्द का अर्थ:- जो दबाया गया हो। • हिंदी विश्वकोश के अनुसार :- दलित का अर्थ ...
Read More »गांधीवादी दर्शन या विचारधारा(Gandhivadi darshan ya vicharadhara)
? गांधीवादी दर्शन या विचारधारा? ? गांधीवादी दर्शन महात्मा गांधी द्वारा विकसित की गई । ?व्यावहारिक आदर्शवाद पर जोर देने वाली। ? गांधीवादी विचारधारा का प्रमुख उद्देश्य :- सत्य और अहिंसा के सिद्धांतों के अनुसार व्यक्ति और समाज को बदलना। ?गांधीवादी विचारधारा के आधारभूत सिद्धांत सत्य और अहिंसा ?गांधीवादी विचारधारा के चार आधार:- सत्य,अहिंसा सर्वोदय और ...
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