फीचर लिखने के लिए ध्यान रखने योग्य प्रमुख बिंदु(feature likhne ke liye dhyan rakhne yogya pramukh bindu)

फीचर लेखन (Feature Writing) एक सुव्यवस्थित, सृजनात्मक और आत्मनिष्ठ लेखन है, जिसका उद्देश्य पाठकों को सूचना देने के साथ-साथ उनका मनोरंजन करना होता है। एक प्रभावी फीचर लिखने के लिए ध्यान रखने योग्य 15 प्रमुख बिंदु:

  1. आकर्षक विषय का चयन: ऐसा विषय चुनें जो समसामयिक हो, जनरुचि से जुड़ा हो और जिसमें मानवीय संवेदना या नयापन हो।

  2. कैची और रोचक शीर्षक: शीर्षक छोटा, जिज्ञासा जगाने वाला और विषय के मूल भाव को दर्शाने वाला होना चाहिए।

  3. प्रभावी और मनोरंजक शुरुआत (Intro): फीचर का पहला पैराग्राफ ऐसा हो जो पाठक को बाँध ले; इसके लिए किसी घटना, उदाहरण या कहावत से शुरुआत की जा सकती है।

  4. कथात्मक और प्रवाहमयी शैली: इसे समाचार की तरह सूखा और नीरस न रखकर कहानी की तरह सरस और मनोरंजक शैली में लिखें।

  5. तथ्य और कल्पना का संतुलन: फीचर में केवल कल्पना नहीं होती; प्रामाणिक तथ्यों और आंकड़ों को मानवीय पहलुओं के साथ जोड़कर प्रस्तुत करें।

  6. आत्मनिष्ठता (Subjective Touch): समाचार के विपरीत फीचर में लेखक को अपने विचार, दृष्टिकोण और अनुभव व्यक्त करने की छूट होती है।

  7. सरल और चित्रात्मक भाषा: भाषा सहज और बिंबप्रधान (Descriptive) हो, जिससे पाठक के मन में दृश्य की तस्वीर उभर सके।

  8. अनुच्छेदों (Paragraphs) में तारतम्यता: प्रत्येक पैराग्राफ दूसरे से लॉजिकल और प्राकृतिक रूप से जुड़ा होना चाहिए ताकि जुड़ाव बना रहे।

  9. पात्रों और संवादों का प्रयोग: यदि संभव हो, तो विषय से जुड़े लोगों के कथन, अनुभव या संवाद शामिल करें।

  10. छोटे और स्पष्ट वाक्य: लंबे और उलझाऊ वाक्यों के बजाय छोटे, सुबोध और स्पष्ट वाक्यों का प्रयोग करें।

  11. मानवीय पहलू (Human Interest) पर ज़ोर: विषय के केवल तकनीकी पहलू न बताकर उससे आम इंसान के जीवन पर पड़ने वाले प्रभाव को उजागर करें।

  12. चित्र और ग्राफिक्स का समावेश: फीचर को दृष्टिगत रूप से आकर्षक बनाने के लिए प्रासंगिक तस्वीरों, रेखाचित्रों या सूक्तियों का प्रयोग करें।

  13. पुनरावृत्ति से बचाव: एक ही बात या तथ्य को अलग-अलग शब्दों में बार-बार दोहराने से बचें।

  14. सार्थक और विचारोत्तेजक समापन: निष्कर्ष ऐसा होना चाहिए जो पाठक को सोचने पर मजबूर करे या विषय को एक पूर्णता प्रदान करे।

  15. गहन शोध और तथ्य-जांच: लिखने से पहले विषय पर पर्याप्त जानकारी जुटाएं और सभी आंकड़ों व तथ्यों की सत्यता सुनिश्चित करें।

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